सत्ता के नशे में चूर नेताओं पर गंभीर आरोप- अब पटना हाईकोर्ट तक जाएगी लड़ाई
“जब न्याय के मंदिर में ही कानून टूटे, तो आम आदमी न्याय की उम्मीद किससे करे?”
भागलपुर न्यूज नेटवर्क, भागलपुर
भागलपुर के जिला विधिज्ञ संघ परिसर में एक ऐसा मामला सामने आया है, जिसने पूरे न्याय व्यवस्था पर ही सवाल खड़ा कर दिया है। “जिला विधिज्ञ संघ बचाओ संघर्ष समिति” के महासचिव कपिलदेव कुमार ने आरोप लगाया है कि राज्य सभा सदस्य मनन मिश्रा के द्वारा कोर्ट परिसर में ही अवैध भवन निर्माण का उद्घाटन कर कानून की खुलेआम धज्जियां उड़ा दी गईं।
समिति के महासचिव कपिल देव कुमार ने प्रेस विज्ञप्ति जारी कर कहा कि जिस जगह पर आम लोगों को न्याय की उम्मीद होती है, वहीं पर सत्ता के ताकतवर लोग नियमों को कुचलते नजर आ रहे हैं।
“अगर ताकत है तो अपराध भी अपराध नहीं?”
जिला विधिज्ञ संघ बचाओ संघर्ष समिति ने तीखा हमला करते हुए कहा है कि यह घटना साफ दिखाती है कि अगर कोई संगठित और प्रभावशाली व्यक्ति अपराध करता है, तो प्रशासन और कानून उसके सामने बेबस हो जाते हैं। कोर्ट परिसर में अवैध शिलान्यास कर यह संदेश दिया गया है कि “पावरफुल लोगों के लिए कानून मायने नहीं रखता।”
प्रशासन के आदेश भी बेअसर!
सबसे चौंकाने वाली बात यह है कि जिला प्रशासन के स्पष्ट आदेश के बावजूद इस अवैध निर्माण का शिलान्यास किया गया। इसे सीधे-सीधे प्रशासनिक आदेशों की अवहेलना और कानून का मजाक बताया जा रहा है।
एक तरफ नगर आयुक्त शहर में अवैध निर्माण पर कार्रवाई की बात करते हैं, वहीं दूसरी तरफ खुद न्यायालय परिसर में नियमों की धज्जियां उड़ती दिख रही हैं।

“छोटे नेता से लेकर सांसद तक, सब कानून तोड़ने में आगे!”
संघर्ष समिति ने साफ कहा कि यह सिर्फ एक घटना नहीं, बल्कि एक खतरनाक ट्रेंड है—जहां छोटे नेताओं से लेकर सांसद तक कानून तोड़ने में पीछे नहीं हैं। यह लोकतंत्र और न्याय व्यवस्था दोनों के लिए गंभीर खतरा है।
अब होगी कोर्ट में सीधी लड़ाई
इस पूरे मामले को लेकर संघर्ष समिति ने कड़ा रुख अपनाया है। उन्होंने ऐलान किया है कि इस अवैध निर्माण के खिलाफ पटना हाईकोर्ट में रिट याचिका दायर की जाएगी और दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की जाएगी।




